मैरिज ब्यूरो के नाम पर रची गई साजिश, रायपुर पुलिस ने ओडिशा के तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार, फरार साथियों की तलाश जारी।
रायपुर। रायपुर में मैरिज ब्यूरो के नाम पर शादी का झांसा देकर एक सेवानिवृत्त तकनीशियन से 9 लाख 50 हजार रुपये की ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का रायपुर पुलिस ने पर्दाफाश किया है। एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट तथा आजाद चौक थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में इस मामले के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं, जबकि गिरोह के अन्य फरार सदस्यों की तलाश जारी है।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने मैरिज ब्यूरो के माध्यम से पीड़ित से संपर्क स्थापित किया। इसके बाद एक महिला को रेलवे की सेवानिवृत्त जूनियर इंजीनियर बताकर उसका विवाह प्रस्ताव पीड़ित के सामने रखा गया। बातचीत के दौरान महिला और उसके साथियों ने विश्वास का माहौल बनाया और शादी की तैयारियों का भरोसा दिलाया।
कुछ समय बाद आरोपियों ने पारिवारिक कार्यक्रम, सड़क दुर्घटना, इलाज और अन्य आकस्मिक जरूरतों का हवाला देकर पीड़ित से अलग-अलग किस्तों में रुपये मांगने शुरू कर दिए। शादी तय होने की उम्मीद में पीड़ित लगातार रकम भेजता रहा। इस तरह आरोपियों ने कुल 9.50 लाख रुपये अपने खातों में ट्रांसफर करा लिए।
जब लंबे समय तक शादी की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ी और आरोपी टालमटोल करने लगे, तब पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद उसने आजाद चौक थाने में शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और थाना पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू की और ओडिशा निवासी जसवंत डूप्डी, मनोज राणा तथा यश नायक को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान कर उनकी तलाश की जा रही है। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि ऑनलाइन मैरिज ब्यूरो या सोशल मीडिया के माध्यम से मिलने वाले विवाह प्रस्तावों पर बिना पूरी जांच-पड़ताल के भरोसा न करें और किसी भी परिस्थिति में अंजान व्यक्तियों के खाते में रुपये ट्रांसफर करने से बचें।
