कलेक्टर से तत्काल हटाने की मांग, निपानिया के बाद सिमगा का मामला
बलौदाबाजार, 26 फरवरी 2026। जिले में सहकारी बैंक प्रबंधकों की शिकायतों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। कुछ दिन पूर्व ही निपानिया शाखा प्रबंधक पर जिलाधीश द्वारा निलंबन की कार्रवाई की गई थी। इसी कड़ी में अब सिमगा विकासखंड से एक और मामला सामने आया है।
ग्राम पंचायत संचारी नवागांव के निवासी एवं जनपद सदस्य जीत त्रिलोक कुर्रे ने जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित, रायपुर की सिमगा शाखा के प्रबंधक जेठूराम लहरी पर घोर लापरवाही, फर्जीवाड़ा और अनियमितता के गंभीर आरोप लगाए हैं। जनपद सदस्य ने जिलाधीश बलौदाबाजार-भाटापारा को शिकायत पत्र सौंपकर शाखा प्रबंधक को तत्काल प्रभाव से हटाकर जांच कराने की मांग की है।
क्या हैं आरोप?
शिकायत पत्र में उल्लेख है कि शाखा प्रबंधक द्वारा मनमाने ढंग से कार्य किया जा रहा है, जिससे किसान और समिति प्रभारी बेहद परेशान हैं। आरोप है कि ‘सुखत’ के नाम पर फर्जी रूप से राशि का आहरण कर समितियों को आर्थिक नुकसान पहुंचाया जा रहा है। समितियों से 1 लाख रुपये तक की राशि की मांग की गई है।
साथ ही खाताधारकों के मृत हो जाने पर उनके नामित व्यक्तियों से भी पैसे मांगने का आरोप है। समिति तुलसी एवं ढेकुना में अत्यधिक ऋण असंतुलन होने के बावजूद शाखा प्रबंधन द्वारा कोई कार्यवाही नहीं किया जाना संदेह पैदा करता है।
इसके अलावा समिति तुलसी में क्रेडर के समिति प्रबंधक को 2 वर्ष पूर्ण होने के बाद भी चार्ज नहीं सौंपा गया है। जनपद सदस्य का कहना है कि समिति प्रभारियों को डरा-धमकाकर अनियमितता की जा रही है, जिसके कारण वे खुलकर बोल नहीं पा रहे हैं।
बयान नहीं मिला
फिलहाल इस विषय पर शाखा प्रबंधक जेठूराम लहरी या विभाग के उच्च अधिकारियों का पक्ष नहीं मिल पाया है। सभी पक्षों का बयान मिलने पर खबर पुनः प्रकाशित की जाएगी।
