मटोली चौक पर दो ट्रकों की भीषण टक्कर के बाद लगी आग, मुख्य स्टेट हाईवे घंटों जाम

150 किलोमीटर दूर कांकेर से दमकल बुलाने की मजबूरी, पखांजुर में फायर ब्रिगेड न होना बना बड़ा सवाल


पखांजुर। पखांजुर थाना क्षेत्र अंतर्गत मटोली चौक पर सोमवार को दो ट्रकों की आमने-सामने हुई भीषण टक्कर के बाद एक बड़ा हादसा सामने आया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों वाहनों में आग लग गई, जो देखते ही देखते बेकाबू हो गई। आग और दुर्घटना के कारण मुख्य स्टेट हाईवे पूरी तरह जाम हो गया तथा सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सुरक्षा की दृष्टि से पूरे क्षेत्र को घेर लिया। पुलिस द्वारा किसी भी व्यक्ति को घटनास्थल के निकट जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है ताकि किसी प्रकार की जनहानि या अन्य दुर्घटना न हो।

फायर ब्रिगेड नहीं होने से बढ़ी चिंता

इस घटना ने एक बार फिर पखांजुर क्षेत्र में फायर ब्रिगेड की अनुपलब्धता की गंभीर समस्या को उजागर कर दिया है। जानकारी के अनुसार आग बुझाने के लिए स्थानीय स्तर पर कोई दमकल वाहन उपलब्ध नहीं था। निकटतम फायर ब्रिगेड कांकेर में स्थित है, जो लगभग 150 किलोमीटर दूर है। ऐसे में किसी भी बड़ी आगजनी की स्थिति में तत्काल राहत और बचाव कार्य प्रभावित होना स्वाभाविक है।

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पखांजुर जैसा महत्वपूर्ण और तेजी से विकसित हो रहा क्षेत्र आज भी अग्निशमन जैसी मूलभूत आपातकालीन सुविधा से वंचित है। यदि आग अधिक फैलती या आसपास अन्य वाहन इसकी चपेट में आते तो स्थिति और भयावह हो सकती थी।

बाज़ार क्षेत्र में होता हादसा तो हो सकता था बड़ा नुकसान

स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि इसी प्रकार की दुर्घटना पखांजुर के मुख्य बाजार या घनी आबादी वाले क्षेत्र में होती, तो नुकसान का अनुमान लगाना भी मुश्किल होता। आग आसपास की दुकानों, मकानों और अन्य वाहनों तक फैल सकती थी। इससे करोड़ों रुपये की संपत्ति नष्ट होने के साथ-साथ बड़ी संख्या में लोगों की जान भी खतरे में पड़ सकती थी।

विशेषज्ञों के अनुसार बाजार क्षेत्र में ऐसी घटना होने पर विद्युत लाइनों, गैस सिलेंडरों, पेट्रोल-डीजल से भरे वाहनों और भीड़भाड़ के कारण आग तेजी से विकराल रूप धारण कर सकती है। ऐसे समय में स्थानीय फायर ब्रिगेड की अनुपस्थिति राहत एवं बचाव कार्य को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकती है।

शासन-प्रशासन से उठ रही मांग

घटना के बाद क्षेत्रवासियों ने शासन और प्रशासन से पखांजुर में स्थायी फायर स्टेशन स्थापित करने की मांग तेज कर दी है। नागरिकों का कहना है कि पखांजुर, परलकोट क्षेत्र और सीमावर्ती इलाकों की बड़ी आबादी की सुरक्षा के लिए स्थानीय स्तर पर दमकल व्यवस्था अत्यंत आवश्यक है।

मटोली चौक की यह घटना केवल एक सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि आपातकालीन व्यवस्थाओं की कमी की ओर भी संकेत करती है। क्षेत्रवासियों का मानना है कि भविष्य में किसी बड़ी जनहानि से बचने के लिए शासन को तत्काल फायर ब्रिगेड की स्थापना सहित आवश्यक संसाधनों की व्यवस्था करनी चाहिए।

फिलहाल पुलिस और प्रशासन की निगरानी में स्थिति नियंत्रित करने का प्रयास जारी है तथा आग पर काबू पाने और यातायात बहाल करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!