बरमकेला। जनपद पंचायत बरमकेला अंतर्गत ग्राम पंचायत अमेरी में कथित भ्रष्टाचार को लेकर बड़ा बवाल खड़ा हो गया है। ग्रामीण लक्ष्मण चौहान ने सरपंच, सचिव एवं रोजगार सहायक पर मनरेगा कार्यों में भारी अनियमितता, 15वें वित्त आयोग की राशि के दुरुपयोग तथा शासकीय राशि के कथित गबन जैसे गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर और जनपद पंचायत बरमकेला के सीईओ को लिखित शिकायत सौंपी है।
शिकायत में आरोप है कि पंचायत में विकास कार्यों के नाम पर सरकारी धन का मनमाने तरीके से उपयोग किया गया और कई कार्यों में नियमों को ताक पर रखकर वित्तीय अनियमितताएं की गईं। लेकिन हैरानी की बात यह है कि शिकायत दर्ज हुए काफी समय बीत जाने के बाद भी जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा न तो जांच शुरू की गई और न ही किसी प्रकार की कार्रवाई सामने आई है।
इसी को लेकर अब ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि जब भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों की शिकायत उच्च अधिकारियों तक पहुंच चुकी है, तो फिर जांच में आखिर देरी क्यों? क्या दोषियों को बचाने का प्रयास हो रहा है या फिर शिकायतें केवल फाइलों में दबकर रह जाएंगी, शिकायतकर्ता लक्ष्मण चौहान ने निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि आरोप गलत हैं तो जांच से सच्चाई सामने आ जाएगी, लेकिन यदि आरोप सही साबित होते हैं तो सरकारी राशि का दुरुपयोग करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि—क्या भ्रष्टाचार के आरोपों की निष्पक्ष जांच होगी या फिर जिम्मेदार अधिकारी चुप्पी साधे रहेंगे? आखिर शिकायत के बाद भी कार्रवाई क्यों नहीं? जनता जवाब मांग रही है।
