बलौदा बाजार । जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में मंगलवार शाम अचानक मौसम ने करवट ली। तेज हवा और आंधी के साथ लगभग 30 मिनट तक हुई बारिश ने भीषण गर्मी से लोगों को राहत दी। दिनभर चिलचिलाती धूप और 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक तापमान के बीच यह बदलाव लोगों के लिए सुकून भरा रहा, वहीं दूसरी ओर इस अचानक हुई बारिश का असर मानव स्वास्थ्य और कृषि दोनों पर मिला-जुला देखा जा रहा है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह स्थिति प्री-मानसून गतिविधियों का हिस्सा है, जिसमें तेज गर्मी के बाद वातावरण में नमी बढ़ने से आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश होती है। इस दौरान तेज हवाएं चलती हैं और अल्प अवधि में वर्षा दर्ज होती है।
बारिश से तापमान में गिरावट आई, जिससे लोगों को गर्मी और लू से राहत मिली। साथ ही वातावरण में फैली धूल बैठने से हवा कुछ हद तक स्वच्छ हुई। हालांकि, अचानक मौसम परिवर्तन के कारण सर्दी-जुकाम, वायरल संक्रमण और एलर्जी के मामलों में वृद्धि की आशंका भी जताई जा रही है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मौसम में विशेष सावधानी बरतना आवश्यक है।
कृषि क्षेत्र की बात करें तो इस बारिश से खेतों में नमी बढ़ी है, जो आगामी फसलों की तैयारी के लिए लाभकारी मानी जा रही है। सब्जी एवं दलहनी फसलों को गर्मी से राहत मिली है, लेकिन तेज हवा के कारण कुछ स्थानों पर सब्जियों को नुकसान की खबरें भी सामने आई हैं।मौसम पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले 3 से 5 दिनों तक मौसम का मिजाज ऐसा ही बना रह सकता है। दिन में तापमान 38 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है, जबकि शाम या रात के समय आंशिक बादल छाने के साथ गरज-चमक और हल्की बारिश हो सकती है। बीच-बीच में तेज हवाएं चलने की भी संभावना जताई गई है।
विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे मौसम को ध्यान में रखते हुए फसलों की सुरक्षा के उपाय करें। वहीं आम नागरिकों से अपील की गई है कि आंधी-तूफान के दौरान खुले स्थानों से दूर रहें और स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहें। कुल मिलाकर, यह आंधी-बारिश जहां एक ओर राहत लेकर आई, वहीं आगामी दिनों में मौसम के उतार-चढ़ाव को देखते हुए सावधानी बरतना भी आवश्यक हो गया है।
